• झारखंड का उभरता न्यूज़ पोट्रल न्यूज़ टुडे झारखंड में आप के गली मोहलले के हर खबर अब आप के मोबाइल तक आप के गली मोहल्ले की हर खबर को हम दिखाएंगे प्रमुखता से हमारे न्यूज़ टुडे झारखंड के संवादाता से संपर्क करे,ph..No धनबाद, 9386192053,9431143077,93 34 224969,बोकारो,+91 87899 12448,लातेहार,+919546246848,पटना,+919430205923,गया,9939498773,रांची,+919334224969,हेड ऑफिस दिल्ली,+919212191644,आप हमें ईमेल पर भी संपर्क कर सकते है हमारा ईमेल है,NEWSTODAYJHARKHAND@GMAIL........झारखंड के हर कोने कोने की खबर अब आप के मोबाइल तक सबसे पहले आप प्ले सटोर पर भी न्यूज़ टुडे झारखंड के ऐप को इंस्टॉल कर सकते है हर तरह के वीडियो देखने के लिए सब्सक्राइब करे यूट्यूब पर NEWSTODAYJHARKHAND......विज्ञापन के लिए संपर्क करे...9386192053.9431134077

Dhanbad news:विधायक राज सिन्हा ने शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज को सौपा 50 जम्बो ऑक्सीजन सिलेंडर…

1 min read

Dhanbad news:विधायक राज सिन्हा ने शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज को सौपा 50 जम्बो ऑक्सीजन सिलेंडर

NEWSTODAYJ_Dhanbad news: वैश्विक महामारी कोरोना काल में बुधवार को धनबाद के भाजपा विधायक राज सिन्हा ने शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल को 50 जम्बो ऑक्सीजन सिलेंडर प्रदान किया।

मौके पर विधायक ने बताया कि कोविड-19 में संक्रमितों की जान बचाने के लिए ऑक्सीजन सिलेंडर ही सबसे ज्यादा जरूरत की वस्तु साबित हुई है। इसलिए उन्होंने एसएनएमएमसीएच प्रबंधन से बात कर उसी वक्त जंबो ऑक्सीजन सिलेंडर की व्यवस्था करा देने की बात कही थी। परंतु बाजार में कमी के वजह से जंबो ऑक्सीजन सिलेंडर उन्हें देर से मिला।

यह भी पढ़ें…NEWSTODAYJ_Dhanbad news:वैश्विक महामारी को देखते हुए गृहणी महिलायों ने गरीबों के राशन-पानी की जिम्मेवारी उठाया

जिसके बाद उन्होंने आज एसएनएमएमसीएच प्रबंधन को रोगियों के इलाज के लिए 50 ऑक्सीजन सिलेंडर सौंपा है।

वही एसएनएमएमसीएच के प्राचार्य ने विधायक के कार्यों की सराहना करते हुए बताया कि हर आपदा की स्थिति में विधायक अस्पताल प्रबंधन के संपर्क में रहते हैं और यह जानने की कोशिश करते हैं कि वहां किस उपकरण की कमी है, जिसे वह अपने स्तर से व्यवस्था कर मरीजों के इलाज में सहयोग कर सकें।

मालूम हो कि पिछले सप्ताह विधायक राज सिन्हा ने एसएनएमएमसीएच प्रबंधन को संक्रमितों के इलाज के लिए 15 बाईपैप मशीनें सौंपी थी। जिससे कि मरीजों को वेंटीलेटर सुविधा नहीं मिलने पर उसके बराबर का बाईपैप मशीन संक्रमितों के जान बचाने में काम आए।

 

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published.